Jeevan Vidya - A Study in Coexistence (जीवन विद्या - सह-अस्तित्व में अध्ययन)

This blog is for Study of Madhyasth Darshan (Jeevan Vidya) propounded by Shree A. Nagraj, Amarkantak. (श्री ए. नागराज द्वारा प्रतिपादित मध्यस्थ-दर्शन सह-अस्तित्व-वाद के अध्ययन के लिए)

Tuesday, July 3, 2018

क्रिया को अलग करके अनुभव किया ही नहीं जा सकता.

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प्रश्न:  क्या यह कहना सही होगा कि जागृति का मूल मुद्दा व्यापकता में अनुभव है? उत्तर:  व्यापकता में सम्पूर्ण एक एक के सहअस्तित्व में ...

स्वयंस्फूर्त और क्रमागत प्रकटन

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संयम के लिए समाधि आवश्यक है.  समाधि के बिना संयम होता नहीं है. प्रश्न: यदि धरती पर समाधि-संयम की विधि ही न विकसित हुई होती तो? उत्...
Friday, June 29, 2018

अनुसन्धान और शोध

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जागृति के प्रमाणीकरण तक पहुँचने के दो रास्ते हैं: - (१) जागृत व्यक्ति का अनुसरण-अनुकरण --> अध्ययन --> प्रमाणीकरण (२) परंपरा में ...
Tuesday, May 22, 2018

भारतीय परंपरागत दर्शनों की तुलना में मध्यस्थ दर्शन एक विकल्प - डॉ सुरेन्द्र पाठक

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भारतीय परंपरागत दर्शनों की तुलना में मध्यस्थ दर्शन एक विकल्प डॉ. सुरेन्द्र पाठक मैं भारतीय परंपरा के दर्शनों के एक अध्येयता के ...
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